निशान यात्रा & मन्नत
बाबा श्याम के दरबार में निशान चढ़ाने की परंपरा
🚩 निशान यात्रा क्या है?
निशान यात्रा खाटू श्याम जी की एक अद्भुत परंपरा है। जब भक्त की मन्नत पूरी हो जाती है, तो वे बाबा के दरबार में निशान (ध्वजा) चढ़ाते हैं।
यह निशान लाल या पीले रंग का होता है जिस पर "जय श्री श्याम" लिखा होता है।
फाल्गुन मेले में हजारों भक्त निशान चढ़ाते हैं। यह दृश्य अत्यंत भव्य और भक्तिमय होता है।
🙏 मन्नत कैसे मानें?
1पहले बाबा के सामने बैठकर मन्नत मानें
2दिल की गहराई से श्याम बाबा का नाम लें
3जो मन में हो वह मांगें — बाबा सुनते हैं
4मन्नत पूरी होने पर निशान चढ़ाने का प्रण करें
5मन्नत पूरी हो तो खाटू आएं और निशान चढ़ाएं
महत्वपूर्ण जानकारी
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वस्त्र
मंदिर में सात्विक वस्त्र पहनकर जाएं
जूते-चप्पल
मंदिर परिसर में जूते बाहर उतारें
फोटोग्राफी
गर्भगृह में फोटो लेना वर्जित है
फूल
बाबा को गुलाब और मोगरे के फूल प्रिय हैं
शांति
मंदिर में शांति बनाए रखें
निशान
निशान चढ़ाने के लिए मंदिर समिति से अनुमति लें